उज्जवल हिमाचल । कांगड़ा
भारतीय राज्य पैंशनरज़ महासंघ जिला कांगड़ा के अध्यक्ष मदन चौधरी, हिमाचल परिवहन सेवानिवृत्त कल्याण मंच के पूर्व प्रदेशाध्यक्ष बलराम पुरी तथा बिजली बोर्ड से एन डी चौधरी ने एक संयुक्त जारी बयान में कहा कि हिमाचल प्रदेश के लगभग 20 निगमों एवं बोर्डों से सेवानिवृत कर्मचारियों के लिए मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू द्वारा हाल ही में दिए गए उस व्यान को स्वागत योग्य बताया है कि प्रदेश की वित्तीय स्थिति सुधरते ही इन सेवानिवृत्त कर्मचारियों को भी (ओ पी एस) के दायरे में लाया जाएगा।
जिससे बर्ष 2004 से बंद पड़ी इस पैंशन स्कीम से लगभग 8000 सेवानिवृत्तियों को वित्तीय लाभ मिलेगा, जो वर्तमान में केवल (ई पी एफ ओ) की मासिक पैंशन पर निर्भर हैं। हाल ही में पैंशनरों और कर्मचारियों के चिकित्सा बिलों के भुगतान लिए जारी लगभग 212 करोड़ रूपए की राशि से उन्हें कुछ राहत प्राप्त हुई है। भारतीय राज्य पैंशनरज़ महासंघ ने सरकार से मांग की है कि बिजली बोर्ड, परिवहन निगम/विभाग व अन्य विभागों में बंचित सेवानिवृत्त कर्मचारियों को ओ पी एस स्कीम के जल्द अंतर्गत लाया जाए और 15 प्रतिशत देय अंतरिम राहत जारी की जाए व साथ ही 13 मई 2026 की संयुक्त संघर्ष समिति के साथ सरकार द्वारा तय समय के भीतर उन सेवानिवृत्त कर्मचारियों का बकाया राशि का 40 प्रतिशत भुगतान किया जाए
1 जनवरी 2016 से 31 जनवरी 2022 के मध्य सेवानिवृत्त हुए हैं, क्यूंकि जिन कर्मचारियों का जन्म 1961 और 1964 के बीच हुआ है उन्हें अभी तक 50 प्रतिशत भी सेवानिवृत्त वित्तिय लाभ प्राप्त नहीं हुए हैं। यह अधिसूचना में स्पष्ट किया जाए। यदि सरकार तय समय में भुगतान के बारे अधिसूचना जारी नहीं करती है तो आगामी माह में महासंघ , हर स्तर पर आंदोलन के लिए तैयार रहेगा।
संवाददाता: अंकित वालिया





